Tuesday, October 21, 2014

               नकली पन  
क्या असली है ,क्या नकली हेै कोई तो आभाष करा दो
भारतभाग्यविधाता सब कुछ नकली है तो नाश करा दो
शदियो से हम नकली तनमनधन वैभवता  जीते आये
देख   रहा  हूॅं  नकली  मानवता की  ये  कैसी  आभाये
हद्   हो  गयी अब तो कोई ,इसका  पर्दाफास करा दो
भारतभाग्यविधाता सब कुछ नकली है तो नाश करा दो

टाटा  नकली,आटा नकली,जूते, चप्पल बाटा नकली
देख   मुनाफा  खोरी  नकली,उद्योगों में घाटा  नकली
चलचित्रों  में गाॅंधी,नेहरू,नेता और अभिनेता नकली
भारत की भवसागर  नैया के क्रेता और खेता नकली
कोई  आकर  चौराहों में  इनकी  ऐसी  रास   करा दो
भारतभाग्यविधाता सब कुछ नकली है तो नाश करा दो

कोटू नकली,घोटू  नकली पूजा में  भी फोटू  नकली
मन्दिर,मस्जिद,गिरजे नकली पूजा पाठी पुर्जे नकली
घी,तेल और हवन हवि में क्यों नकली सामान पडा है
आज  पुजारी मन्दिर  में  है बाहर तो भगवान खडा हेै़
ढोंग ,कपटी मन मन्दिर में ईश्वर का आभाष करा दो
भारतभाग्यविधाता सब कुछ नकली है तो नाश करा दो

मर्यादा,सम्मान भी नकली,ये रिस्ते मेहमान भी नकली
धर्म,कर्म,ये दान भी नकली,कियेगये एहसान भी नकली
गीता  और कुरानी  तोते, हिन्दु, मुशलमान भी नकली
अन्तर्द्वंदी  मानवता की बाहर से  मुस्कान  भी नकली
नकलीपन में जीने वालों को कुछ  तो एहसास करा दो
भारतभाग्यविधाता सब कुछ नकली है तो नाश करा दो

माॅं,बाप और कुटुम्ब,कबीला नकली पन से चला रहे हो
अपने अन्दर  की ज्योति को ,घासलेट से जला रहे हो
भूल गये हो आदि काल से मन मन्दिर के भगवानों को
हर पत्थर के अन्दर मूरत,खोद रहे हो क्यों खानों को
झलक मिले उस परमेश्वर की ऐसा भी उपवास करा दो
भारतभाग्यविधाता सब कुछ नकली है तो नाश करा दो

अहंकार के रथ  पर बैठे स्वाभिमान  को झलकाते हो
नकली मानवता के सन्मुख झूठे नयना पलकाते हो
साधू नकली,जोगी नकली,योगी और दिगम्बर नकली
धर्म कर्म की इस दुनिया में परमेश्वर पैगम्बर नकली
हम उसको पहचान सकें बस कुछ ऐसी अरदास करा दो
भारतभाग्यविधाता सब कुछ नकली है तो नाश करा दो

पत्र,पुष्प फल,फूल भी नकली भोले का त्रिशूल भी नकली
मठ,मन्दिर की प्राणप्रतिष्ठा,बुनियादों में मूल भी नकली
मन्दिर,मस्जिद,गिरजों के झगडे़ शदियों सेे  देख रहा हूॅं
मैं भी अपने दिल  की कुण्ठा को शब्दों से फेंक रहा हॅूं
झूठी हज ,पूजा,पाठों से ,दुनिया का अवकास  करा दो
भारतभाग्यविधाता सब कुछ नकली है तो नाश करा दो

रक्षाबन्धन और दशहरा,होली और दीवाली नकली
धर्म कर्म के संस्कारों में पूजा की थाली भी नकली
चोर,उचक्के नेता नकली,डाकू और मवाली नकली
राजनीति में कपडे फाडू नेताओ की गाली नकली
नकली असली की परिभांषा संसद में भी पास करा दो
भारतभाग्यविधाता सब कुछ नकली है तो नाश करा दो

खादी और उपाधी नकली,दुल्हा दुल्हन,शादी नकली
काम ,वाशना के घर्षण से बढती ये आबादी  नकली
प्यार मुहब्बत नकली बुनियादों पर कैसे खडा हुआ है
हम सब नकली देख रहे हैं,नकली पर्दा पढा  हुआ है
केवल कवि आग असली है,छन्दो सेे आभाष करा दो
भारतभाग्यविधाता सब कुछ नकली है तो नाष करा दो
              राजेन्द्र प्रसाद बहुगुणा (आग)
                        मो0 9897399815
          rajendrakikalam.blogspot.com

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